चलते रहिए ये हमें लेके जिधर जाते हैं , ख़्वाब अगर आँखों ही में रहे तो मर जाते हैं .. दर्द के फूल भी खिलते है बिखर जाते है , जख्म कैसे भी हो कुछ रोज मे भर जाते है ..!! ~ जावेद अख्तर 🌻 · XDL
चलते रहिए ये हमें लेके जिधर जाते हैं , ख़्वाब अगर आँखों ही में रहे तो मर जाते हैं .. दर्द के फूल भी खिलते है बिखर जाते है , जख्म कैसे भी हो कुछ रोज मे भर जाते है ..!! ~ जावेद अख्तर 🌻
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