यह वीडियो हम अहीरों और ग्वालों के बीच के अंतर को बहुत खूबसूरती से दर्शाता है !! हमारे दादा किशन राजा थे, उनके पास प्रजा थी, महल था, उनकी अपनी गायें थीं, जबकि ग्वाले दूसरों की गायें चराते थे। षड्यंत्रकारी ग्वाले दादा किशन के पास गुहार लगाने आते हैं, अब दादा किशन अहीर थे, अपने
@Ahirs Of India
1 grabs
No comments yet
Say something. You’re first.