विज्ञापन या सरकारी प्रचार...?? जनता के पैसे का हिसाब आखिर कौन देगा..?? पिछले 11 वर्षों के उपलब्ध सरकारी/RTI आंकड़ों को एक साथ रखिए, तस्वीर काफी बड़ी दिखाई देती है। केंद्र सरकार 2014-15 से 2024-25: सरकारी आंकड़ों के आधार पर विज्ञापनों पर कुल ₹5,987.46 करोड़ खर्च हुए यानी औसतन
@Mayur Waghela I.N.D.I.A 🇮🇳
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