संस्कारों की डोरी साथ लेकर ! हर किसी के सामने झुकना सही नहीं होता और जो नजरंदाज करे उसके पास रुकना सही नहीं होता ! जिंदगी हसीन है, खुल के जी कर तो देखिए, बरसों से लगी धूल को हटाकर तो देखिए ! · XDL
संस्कारों की डोरी साथ लेकर ! हर किसी के सामने झुकना सही नहीं होता और जो नजरंदाज करे उसके पास रुकना सही नहीं होता ! जिंदगी हसीन है, खुल के जी कर तो देखिए, बरसों से लगी धूल को हटाकर तो देखिए !
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